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Saturday, May 14, 2011

mano ya na mano(aapkey anmol pal) DAASTAA

Rose Pictures
                                                           
               DAASTAA
                                                       
दुनिया का सबसे बड़ा दुःख तब होता है, जब की अपना नहीं रहता |यह एक शाश्वत सनातन सत्य है ,फिर भी न जाने क्यों इस बात को स्वीकारने का दिल नहीं करता |

ऐसी ही एक घटना अम्बर के साथ भी हुई ,बात सन 1996अक्टूबर की है |उस समय अम्बर सोलह साल के थे ,और मसूरी  के एक बोर्डिंग स्कूल में पढते थे |उनके बाबाजी पंचतत्व में विलीन ह गए थे ,परन्तु ये बात अम्बर को  नहीं बताई गयी, क्युकी वो अपने बाबाजी के बहुत करीब थे ,और उनके पेपर चल रहे थे |

एक दिन ना जाने कहाँ से उनके हाथ एक न्यूज़ पेपर लग गया, उसमे उनके बाबाजी की न्यूज़ थी |अम्बर ने जैसे ही पढ़ा, तो वो बोर्डिंग से भाग निकले |और उन्हे सिर्फ अपने बाबाजी के सिवा कुछ भी दीखाई नहीं दे रहा था |वो तब थोडा present में तब आये जब उन्होने अपने बाबाजी जैसे किसी व्यक्ति को अपने सामने देखा, तो उन्होने अपने आपको एक ट्रेन में पाया|

अम्बर के पास तो टिकेट भी नहीं था ,तो उन बाबाजी ने ,अम्बर को  एक टिकेट दिया जो उनके वापस बोर्डिंग जाने का था |अम्बर ने कहा की आपको कैसे पता की ,मैं बोर्डिंग में पढता हूँ |

बाबाजी ने कुछ नहीं कहा, बस अम्बर के सिर पर हाथ रख दिया |
अचानक उनकी झपकी लग गयी ,जागे तो देखा वहा कोई  नहीं है |
और वो जिस ट्रेन में बैठे थे ,वो लेट हो जाने के कारण चली ही नहीं थी |

इतने बरस बीत जाने के बाद भी ,वो आज भी उस हाथ को अपने सिर पर महसूस करते हैं |और आज भी ,उनकी आंखे डबडबा जाती हैं |  

चलते -चलते = संजो कर रख सको तो मेरा ''नाम'' एक निशानी 
                       लम्हों की तरह खो दो तो सिर्फ एक कहानी||
                     
                       सीप जैसे मोती आँखों में झलकते :'(:'(
                       ऊँगली के पोरों पर रखो तो ओस के एक बूँद की कहानी|| 
                     
                       बड़ी मेहनत से भीड़ में अपनी जगह बनायीं है मेरे ''नाम'' ने||                         
                       तो सवालो की बौछार भी पाई है इनाम में||

                       जितना भी गहरा कोई हमे अपनी बातो से दर्द दे
                       उतना ही ज्यादा मुस्कराने की आदत है हमारी ||
                                       
                       हजारो ''सीक्रेट'' समेटे हैं हम, अपनी जिंदगी की किताब में
                       और उनको संजो कर रखा है ,जिंदगी की हर सांस में||

                       मेरा नाम एक निशानी ,खो दो तो कहानी ||  
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hello