
महुला ने थर्मामीटर से अपना ट्रम्प्रेचरे चेक किया फिर बोली hmmmm नार्मल है, और फिर वो अपने में मस्त हो गयी | उसका थोड़ा मन सुबह से ही उदास था जिस वजह से उसको थोड़ी हरारत सी फील हो रही थी उसने अपने मन में तरह घुमड़ते विचारों और भावो को दर किनार कर दिया और किचन में जाकर ठंडा मैंगो शेक बना लायी |
(मैंगो शेक बनाने की इजी रेसिपी के लिए यहाँ क्लिक करें
https://www.youtube.com/watch?v=XM9pOGNtXHo)
उसने मैंगो शेक का सिप भरते हुए अपनी डायरी खोली फर्स्ट पेज ही उसकी और सिद्धर्थ की फोटो लगी थी हस्ती मुस्कराती सिद्द कैसे उसको प्यार भरी नज़रों से तक रहे थे | एक वही है उसने खुद को ही दोष दिया जो उनको भुलाये बैठी है | ना चाहते हुए भी उसकी उँगलियाँ मोबाइल पे अटखेलियां लगी और फिर उसने सिद्धार्थ का नंबर मिला दिया उधर से सिद्द की आवाज़ आयी हाँ महुला मैं आज की फ्लाइट से आ रहा हु तुम्हारे पास मेरी फेवरेट कलर की साड़ी पहन कर तैयार रहना हम आज अपने फेवरेट रेस्टॉरेंट चलेंगे |
महुला का दिल बल्लियों उछलने लगा एक तो उसे लगा बहार ही आ जायेगा और फिर नाचते मयूर की तरह वो ड्रेसअप होने चली गयी |
चलते - चलते =नीलम से ज़िंदगी हो गयी है मेरी
जो किसी को सूट ही नहीं करता | |
दो अल्फ़ाज़ क्या कह दिए मैंने
वो बेगाने हो गए ||
हम दोनों ही अनजाने थे
मगर एक नज़र देखते ही
सदियों की पहचान निकल आयी ||
उनका आना ना हुआ
हमारा बुलाना ना हुआ
फासला इतना की
दोनों से मिटाना ना हुआ ||
कभी धड़कते दिल से पूछो
क्या कभी हम मिले थे
वो कहेगा की तुम जुदा ही कब हुए थे ||

No comments:
Post a Comment